मैं सम्राज्ञी हिंद की

मैं सम्राज्ञी हिंद की
तरह तरह के मेरे रुप।
मैं अवधि, मैथिली, भोजपुरी,
खडी बोली है असली रुप।
हिंदुस्तान के कण कण में,
जन जन के हृदय में बसती।
मैं सम्राज्ञी हिंद की
सभ्यता, संस्कृति सिखाती,
जनमानस को विनम्र बनाती।
कबीर,रहीम के दोहों से,
नीति और रीति सिखाती।
मैं सम्राज्ञी हिंद की
दादी,नानी की कहानी से ,
बच्चों का ज्ञान बढ़ाती।
लोरी, कविताओं से,
मीठी नींद बच्चों को आती।
मैं सम्राज्ञी हिंद की
मिल जुलकर रहना सिखाती,
नम्रता का पाठ पढ़ाती,
संयम, शिष्टाचार सिखाती,
वाणी को मधुर बनाती।
मैं सम्राज्ञी हिंद की

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Beautifully presented. :heart:

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Nice post @Dharna_Sharma

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