आज बहुत तन्हा हूँ मैं...!

जीवन की डगर में,
अपनो की भीड़ में,
आज बहुत तन्हा हूँ मैं…!

इस तन्हाई भरे दौर से गुजरते - गुजरते
कब तन्हाई से ही दोस्ती हुई,
ये ही समझ न पाई मैं…!

समय ने करवट ली,
तन्हाई भी हमसे दूर हुई,
और इस दुनिया की भीड़ में,
आज फिर से बहुत तन्हा हुई मैं…!!
Kittu_ki_diary

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Some real words

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बहुत खूब!
-आपकी,
दूसरी तन्हा दोस्त।

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@navjyotsingh.rajput :innocent:

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@axy :innocent::pray:

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amazing interesting post friend :slightly_smiling_face:

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@Ravi_Vashisth thank you… :innocent::hugs:

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